सड़क पर दबंगई का खौफनाक मंजर, गलत दिशा से आने का विरोध करने पर दो भाइयों पर जानलेवा हमला
सड़क पर नियमों की धज्जियां उड़ाना और फिर टोकने पर खून-खराबे पर उतारू हो जाना आजकल आम बात होती जा रही है। ऐसा ही एक दिल दहला देने वाला मामला अर्जुनपुर इलाके में सामने आया, जहां महज एक सही सलाह देने की कीमत दो सगे भाइयों को अपनी जान की बाजी लगाकर चुकानी पड़ी। गलत दिशा से आ रहे तीन रसूखदार और दबंग युवकों ने न सिर्फ एक सीधे-साधे राहगीर को बंधक बनाकर पीटा,
lucknow
8:15 PM, May 24, 2026
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दो भाइयों पर जानलेवा हमला photo by-google
लखनऊ। सड़क पर नियमों की धज्जियां उड़ाना और फिर टोकने पर खून-खराबे पर उतारू हो जाना आजकल आम बात होती जा रही है। ऐसा ही एक दिल दहला देने वाला मामला अर्जुनपुर इलाके में सामने आया, जहां महज एक सही सलाह देने की कीमत दो सगे भाइयों को अपनी जान की बाजी लगाकर चुकानी पड़ी। गलत दिशा से आ रहे तीन रसूखदार और दबंग युवकों ने न सिर्फ एक सीधे-साधे राहगीर को बंधक बनाकर पीटा, बल्कि उसके भाई के सिर पर लोहे के धारदार हथियार से हमला कर उसे मौत के मुंह में धकेल दिया। इस खौफनाक वारदात के बाद से पूरे इलाके के व्यापारियों और स्थानीय निवासियों में भारी डर और गहरा गुस्सा देखा जा रहा है।
मौके पर मौजूद और पीड़ित परिवार से मिली जानकारी के अनुसार, हाजीपुर गांव के रहने वाले र. मौर्य कल शाम अपने घर से रोजाना की तरह घरेलू सामान और सब्जियां खरीदने के लिए निकले थे। वे टोत मेट के पास स्थित प्रसिद्ध मानपुर सब्जी मंडी की तरफ पैदल ही जा रहे थे। जैसे ही वे अर्जुनपुर में स्थित एक मुख्य बीज भंडार की दुकान के ठीक सामने पहुंचे, तभी सामने से आ रही एक तेज रफ्तार गाड़ी ने उन्हें टक्कर मारते-मारते बची। उस गाड़ी पर शोभित महाकाल, ऋतिक महाकाल और सूरज नाम के तीन युवक सवार थे। ये तीनों युवक बिना किसी डर के, सड़क की बिल्कुल गलत दिशा में बेहद लापरवाही से गाड़ी दौड़ा रहे थे, जिससे वहां मौजूद अन्य राहगीर भी सहम गए।
र मौर्य ने जब खुद को संभालते हुए उन युवकों को समझदार बनने और सही ढंग से वाहन चलाने की बात कही, तो तीनों युवकों का अहंकार जाग गया। वे अपनी गलती मानने के बजाय गाड़ी से नीचे उतरे और प्रार्थी को घेर लिया। उन्होंने तुरंत बेहद गंदी और अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते हुए गालियां देना शुरू कर दिया। जब प्रार्थी ने इसका विरोध किया, तो तीनों ने मिलकर उन्हें सरेआम लात-घूंसों से पीटना शुरू कर दिया। इतने से भी जब उनका मन नहीं भरा, तो उन्होंने अपनी गुंडागर्दी का प्रदर्शन करते हुए र. मौर्य को जबरन घसीटा और पास ही स्थित एक दुकान के अंदर बंद करके बाहर से रोक दिया। बाजार में मौजूद कुछ स्थानीय दुकानदारों और आने-जाने वाले लोगों ने जब इस बात का विरोध किया और बीच-बचाव करने की कोशिश की, तो आरोपियों ने उन्हें जान से मारने की धमकी देकर पीछे हटने पर मजबूर कर दिया।
दुकान के अंदर बंधक बने र. मौर्य ने किसी तरह जेब से अपना फोन निकाला और अपने सगे भाई गोपाल को इस पूरी आपबीती की जानकारी दी। भाई के संकट में होने की बात सुनकर गोपाल बिना एक पल गंवाए तुरंत मौके पर पहुंच गए। वहां पहुंचकर जब गोपाल ने उन तीनों युवकों से अपने भाई को बंद करने का कारण पूछा और बातचीत से मामला सुलझाना चाहा, तो हमलावर और ज्यादा हिंसक हो गए। वे पूरी तरह से अपना आपा खो चुके थे। उन्होंने चिल्लाते हुए कहा, "इसे भी मारो, इसका भी दिमाग बहुत खराब है, आज इन्हें छोड़ना नहीं है।"
इतना बोलते ही, जान से मारने की साफ नीयत के साथ, उनमें से एक आरोपी भागा और बगल में स्थित एक लोहार की दुकान के बाहर रखा हुआ भारी और धारदार लोहे का औजार उठा लाया। इससे पहले कि ,कोई कुछ समझ पाता, उसने पूरी ताकत से गोपाल के सिर पर सीधा वार कर दिया। धारदार हथियार का वार इतना जोरदार था कि ,गोपाल का सिर फट गया और खून का फव्वारा छूट पड़ा। अत्यधिक खून बह जाने के कारण गोपाल वहीं जमीन पर अचेत होकर गिर पड़े। अपने भाई को लहूलुहान देख जब र. मौर्य दुकान से बाहर भागे, तो आरोपियों ने उन्हें भी दोबारा बेरहमी से पीटा और मरणासन्न हालत में छोड़कर मौके से फरार हो गए।
इस पूरी घटना के बाद से अर्जुनपुर बाजार के व्यापारियों में असुरक्षा का माहौल है। बाजार के लोगों का कहना है कि, अगर सरेआम ऐसी हिंसक वारदातें होंगी, तो कोई भी सुरक्षित नहीं रहेगा। पीड़ित परिवार पूरी तरह सदमे में है और उनके घर पर शुभचिंतकों का तांता लगा हुआ है। घायल गोपाल की हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। पीड़ित परिवार और ग्रामीणों ने साफ शब्दों में कहा है कि, जब तक उन तीनों नामजद हमलावरों को पकड़कर सख्त से सख्त सजा नहीं दी जाती, तब तक उनका यह आंदोलन और न्याय की मांग जारी रहेगी।

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मुस्कान सिंह
रिपोर्टर